सब छोड़कर दूर चली गई 25
नायिका के दादा खुद को बड़ा कारोबारी समझते हैं और रिटायरमेंट की सारी बचत एक दूसरी महिला को प्रभावित करने में खर्च कर देते हैं। दादी विरोध करती हैं तो दादा उन्हें घर से निकालने तक की बात करते हैं और कहते हैं कि उनके पास जाने की कोई जगह नहीं है, इसलिए भूख लगने पर वह खुद लौट आएँगी। लेकिन दादी तीन महीने तक वापस नहीं आतीं। इस दौरान दादा अकेलेपन और पछतावे में टूटने लगते हैं।
नायिका के दादा खुद को बड़ा कारोबारी समझते हैं और रिटायरमेंट की सारी बचत एक दूसरी महिला को प्रभावित करने में खर्च कर देते हैं। दादी विरोध करती हैं तो दादा उन्हें घर से निकालने तक की बात करते हैं और कहते हैं कि उनके पास जाने की कोई जगह नहीं है, इसलिए भूख लगने पर वह खुद लौट आएँगी। लेकिन दादी तीन महीने तक वापस नहीं आतीं। इस दौरान दादा अकेलेपन और पछतावे में टूटने लगते हैं।